शिक्षकों को जैव विविधता संरक्षण, ईको-क्लब गतिविधियों और वन्यजीव जागरूकता के लिए दिया गया प्रशिक्षण


एवीएस न्यूज.उमरिया / भोपाल
बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व नेशनल पार्क क्षेत्र में पर्यावरण संरक्षण और विद्यार्थियों में प्रकृति के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से किड्स फॉर टाइगर्स प्रोत्साहन कार्यक्रम के तहत शिक्षक प्रशिक्षण कार्यशाला का आयोजन किया गया।

यह कार्यशाला 16 जुलाई 2026 को Sanctuary Nature Foundation द्वारा एल एंड टी फाइनेंस की जल वैभव 2.0 परियोजना के अंतर्गत बांधवगढ़ परिदृश्य में आयोजित की गई। कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य शिक्षकों को पर्यावरण शिक्षा, जैव विविधता संरक्षण, ईको-क्लब गतिविधियों और किड्स फॉर टाइगर्स कार्यक्रम के प्रभावी संचालन के लिए आवश्यक जानकारी और संसाधन उपलब्ध कराना रहा।

पर्यावरण संरक्षण और ईको-क्लब पर दिया जोर

कार्यशाला का शुभारंभ विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति में हुआ। इस दौरान विद्यालयों में ईको-क्लब की भूमिका, पर्यावरण संरक्षण और विद्यार्थियों में प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करने पर विशेष चर्चा की गई।

शिक्षकों को किड्स फॉर टाइगर्स कार्यक्रम, टीचर्स मैनुअल, जल वैभव 2.0 परियोजना, वर्षभर आयोजित होने वाली गतिविधियों और रिपोर्टिंग प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी दी गई।

सर्प एवं जैव विविधता जागरूकता सत्र रहा आकर्षण

कार्यशाला का प्रमुख आकर्षण सर्प एवं जैव विविधता जागरूकता सत्र रहा। इसमें विशेषज्ञों ने शिक्षकों को सर्पों की पहचान, उनके पारिस्थितिक महत्व, सर्पदंश से बचाव, प्राथमिक उपचार और सर्पों से जुड़े भ्रमों के बारे में वैज्ञानिक जानकारी प्रदान की।

इसके अलावा ईको-क्लब गतिविधियों को प्रभावी बनाने, नोटिस बोर्ड के रखरखाव और विद्यार्थियों की सहभागिता बढ़ाने के तरीकों पर भी मार्गदर्शन दिया गया।

प्रतिभागियों को वितरित किए गए प्रमाण-पत्र

कार्यशाला के समापन अवसर पर प्रतिभागी शिक्षकों को प्रमाण-पत्र वितरित किए गए। साथ ही अतिथियों, शिक्षकों और सहयोगी संस्थाओं के प्रति आभार व्यक्त किया गया।

आयोजकों ने बताया कि यह प्रशिक्षण शिक्षकों की क्षमता बढ़ाने, विद्यालयों में पर्यावरण शिक्षा को मजबूत करने और विद्यार्थियों में वन्यजीव एवं प्रकृति संरक्षण के प्रति जागरूकता विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ है।

विशेषज्ञों और अतिथियों ने निभाई महत्वपूर्ण भूमिका

कार्यक्रम में प्रशिक्षक के रूप में श्री सागर टोनपे और श्री सौरभ सर ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। वहीं कार्यक्रम के सफल संचालन में   अंकुश श्रीवास्तव और उनकी टीम का विशेष योगदान रहा।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में:

 राजेश द्विवेदी – प्रकृति विशेषज्ञ एवं पूर्व अध्यक्ष, बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व गाइड यूनियन
 नागेंद्र सिंह तिवारी – जिला नोडल अधिकारी, ईको क्लब एवं प्राचार्य, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, ताला
 धनेंद्र तिवारी – प्राचार्य, शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, चिंदसुरा
डॉ. ज्ञानेंद्र प्रजापति – कार्यक्रम अधिकारी, द कॉर्बेट फाउंडेशन (TCF)
 जगत चतुर्वेदी – प्रकृति विशेषज्ञ

सहित अन्य विशेषज्ञ और टीम सदस्य उपस्थित रहे।

कार्यशाला ने शिक्षकों को पर्यावरण संरक्षण के लिए नए दृष्टिकोण और संसाधन उपलब्ध कराते हुए बांधवगढ़ क्षेत्र में प्रकृति एवं वन्यजीव संरक्षण की दिशा में एक सकारात्मक पहल को आगे बढ़ाया।