सीहोर: भविष्य की प्रौद्योगिकियों में भारत को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में वीआईटी भोपाल विश्वविद्यालय और सीएसआईआर-एम्प्री (CSIR-AMPRI) ने हाथ मिलाया है। दोनों संस्थानों के बीच हस्ताक्षरित यह एमओयू (MoU) उन्नत वैज्ञानिक अनुसंधान और उद्योग-केंद्रित शिक्षा के बीच की दूरी को कम करने का एक बड़ा प्रयास है।

इस साझेदारी के तहत एयरोस्पेस, रोबोटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसे जटिल क्षेत्रों में संयुक्त शोध किया जाएगा। वीआईटी भोपाल के छात्रों को सीएसआईआर की अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं और वैज्ञानिक विशेषज्ञता का लाभ मिलेगा, जिससे उन्हें वास्तविक औद्योगिक समस्याओं के समाधान खोजने का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त होगा। भारत सरकार की महानिदेशक (CSIR) डॉ. एन. कलैसेल्वी की उपस्थिति में हुए इस समझौते का मुख्य केंद्र बिंदु न केवल शोध है, बल्कि उन्नत सामग्री (Advanced Materials) और अक्षय ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में तकनीकी हस्तांतरण को बढ़ावा देना भी है। यह कदम क्षेत्र में एक मजबूत रिसर्च इकोसिस्टम तैयार करने में मील का पत्थर साबित होगा।