एवीएस न्यूज. भोपाल/ उमरिया  


प्रदेश में खनिजों के अवैध परिवहन पर प्रभावी नियंत्रण के लिए शासन द्वारा 40 ई-चेक गेट स्थापित किए जा रहे हैं। इसी क्रम में उमरिया जिले के तहसील चंदिया अंतर्गत ग्राम समसरी स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग-43 पर महानदी बैरियर के पास ई-चेक गेट का संचालन 16 अप्रैल 2026 से प्रारंभ कर दिया गया है। 


जिला खनिज अधिकारी डॉ. विद्याकांत तिवारी ने बताया कि म.प्र. खनिज (अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण का निवारण) नियम 2022 में संशोधन के बाद यह व्यवस्था लागू की गई है। यह पूरी तरह मानव-रहित डिजिटल प्रणाली है, जिससे खनिज परिवहन में लगी गाडि़यों की सतत निगरानी संभव होगी। अब सभी खनिज परिवहन वाहनों में रेडियो फ्रिक्वेंसी आइडेंटिफिकेशन टैग लगाना अनिवार्य होगा।

यह टैग वाहन के फ्रंट विंडस्क्रीन पर लगाया जाएगा, जिससे ई-गेट से गुजरते ही वाहन की पूरी जानकारी स्वतः सिस्टम में दर्ज हो जाएगी। इससे ओवरलोडिंग, नंबर प्लेट छिपाने या अन्य गड़बडि़यों पर तुरंत कार्रवाई की जा सकेगी।
 ई-चेक गेट पर वेरिफिकेशन कैमरा,ऑटोमैटिक नंबर प्लेट रीडर जैसे आधुनिक उपकरण लगाए गए हैं, जो वाहन संख्या, खनिज की मात्रा और वजन की सटीक जानकारी दर्ज करेंगे। यदि ई-ट्रांजिट पास और वास्तविक परिवहन में अंतर पाया जाता है,तो संबंधित वाहन मालिक पर ऑनलाइन कार्रवाई की जाएगी। नियमों के उल्लंघन पर वाहन का पंजीयन निलंबनध्निरस्तीकरण तथा जब्ती की कार्रवाई भी की जा सकती है।


 ई-चेक गेट से प्राप्त डेटा के विश्लेषण के आधार पर अनियमितताओं पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। इस नई प्रणाली से अवैध खनिज परिवहन पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित होगा, साथ ही पारदर्शिता बढ़ेगी और खनिज राजस्व में वृद्धि होने की संभावना है।