भोपाल दुग्ध संघ के प्रवेश द्वार स्थित पार्लर अब होगा सांची कैफे में तब्दील
सुरक्षित और सुंदर फैमिली रेस्टोरेंट मिलेगें शुद्ध सांची घी से तले हुए समोसे, पनीर पकोड़े, जलेबी,रबड़ी सहित अन्य खाद्य सामग्री और डेयरी उत्पाद: जोशी

निर्माण कार्य शुरू , करीब 30 लाख रुपए की लागत से दो माह में तैयार होगा आधुनिक पार्लर
आत्माराम सोनी. भोपाल
किफायती दाम पर शुद्ध, गुणवत्तायुक्त सांची दूध और दुग्ध उत्पाद उपलब्ध कराने में महारथ हासिल कर शहरवासियों के साथ समूचे मध्यप्रदेश में लोकप्रियता हासिल करने वाला एमपी स्टेट कोआपरेटिव डेयरी फेडरेशन लिमिटेड (एमपीसीडीएफ) भोपाल से संबद्ध भोपाल सांची दुग्ध सहकारी संघ ने अनूठी पहल और नवाचार को मूर्तरूप देने में जुट गया है। यह नवाचार है भोपाल दुग्ध संघ के प्रवेश द्वार पर स्थित पार्लर को सांची कैफै के रूप में तब्दील करने पर। जिसे को हाईजीनिक और आधुनिक बनाया जा रहा है।

भोपाल दुग्ध संघ की मुख्यकार्यपालन अधिकारी (सीईओ) प्रीतेश जोशी ने बताया कि रानी कमलापति स्टेशन स्थित सांची दुग्ध संंघ प्लांट के प्रवेश द्वार पर संचालित सांची पार्लर को आधुनिक लुक देने के साथ यहां इस फैमिली रेस्टोरेंट में स्थापित करने के लिए रेनोवेशन का कार्य शुरू करवा दिया गया है। सीईओ प्रीतेश जोशी ने इस पार्लर की संरचना अब सांची कैफै और फैमिली रेस्टोरेंट के रूप में होने के साथ यह आधुनिकता और सुंदरता से ओतप्रोत होगा। यहां हाईजीनिक किचन ( जिसे मिनी रेस्टोरेंट भी कहा जा सकता है) होगा। जहां शहरवासी अपनी फैमिली के साथ सुरक्षित वातावरण में बैठकर शुद्ध सांची घी से निर्मित समोसे, पनीर पकोड़, जलेबी उसके ऊपर सांची रबड़ी ,सेंडविज, सांची दूध की चाय और कॉफी, आइसक्रीम, शुद्ध घी से निर्मित कोकोनट बिस्कुट सहित अन्य खाद्य सामग्री का जायका ले सकेंगे। इसके अलावा निर्मित आधुनिक इस सांची पार्लर में दूध सहित सभी दुग्ध उत्पाद, मिष्ठान और सांची अन्य उत्पाद किफायती दाम पर कर सकेंगे।

सांची कैफे यानी फैमिली रेस्टोरेंट में होगा हरियाली युक्त वातावरण और सेल्फी प्वाइंट
भोपाल दुग्ध संघ के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (सीईओ) प्रीतेश जोशी ने बताया कि प्लांट प्रवेश द्वार पर स्थित सांची पार्लर को सांची कैफे में तब्दील करने के लिए रेनोवेशन कार्य शुरू हो गया है। जो कि सांची कैफे में विस्तारित होगा। यहां भोपालवासियों को फैमिली रेस्टोरेंट जैसा सुरक्षित वातावरण मिलेगा। सांची कैफे में चारों तरफ हरियाली युक्त वातावरण, सेल्फी प्वाइंट, हाईजीनिक किचन के साथ कोल्ड स्टोरेज होगा। दुग्ध संघ द्वारा कराए जा रहे इस नवाचार में करीब 30 लाख रुपए खर्च होंगे और यह आगामी दो माह में तैयार हो जाएगा।

प्रदेश के सभी दुग्धसंघों के फैक्ट्री के पार्लर होंगे आधुनिक : गोवाणी
एमपी स्टेट कोआपरेटिव डेयरी फेडरेशन लिमिटेड (एमपीसीडीएफ) के प्रबंध संचालक संजय गोवाणी ने बताया कि भोपाल दुग्ध की तर्ज पर इंदौर, जबलपुर, ग्वालियर, उज्जैन सहित सभी दुग्ध संघों के फैक्ट्री गेट पर संचालित सांची पॉर्लर को आधुनिक लुक देते हुए सांची कैफे में तब्दील किया जाएगा। प्रबंध संचालक गोवाणी ने बताया कि नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड ने 13 अप्रैल को दुग्ध संघ की जिम्मेदारी ली थी। इसके बाद दूध संग्रहण और बिक्री दोनों में बड़ा सुधार हुआ है। इस सफलता के पीछे सबसे बड़ा कारण ईआरपी सिस्टम है, जिससे किसानों को समय पर भुगतान हो रहा है।
ईआरपी से दुग्ध संघ के संचालन में पारदर्शिता बढ़ी
भोपाल में यह सिस्टम 1 जुलाई से लागू हो चुका है। ईआरपी से दुग्ध संघ के संचालन में पारदर्शिता बढ़ी है और रियल टाइम डेटा विश्लेषण के जरिए बेहतर निर्णय लिए जा रहे हैं। दूध खरीदी, उत्पादन, वितरण और लेखा जैसे विभिन्न विभागों का एकीकृत प्रबंधन अब डिजिटल प्लेटफॉर्म पर संभव हो रहा है। इससे समय की बचत के साथ कार्यक्षमता में भी वृद्धि भी हो रही है।

