ऑनलाइन चालान का कारनामा – न यूपी गया ट्रक, न चालान में सबूत, फिर भी ₹6.38 लाख का जुर्माना!
इंदौर: मध्य प्रदेश के एक ट्रक मालिक के साथ उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग द्वारा एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। ट्रक नंबर MP09 HH 4606 पर दिनांक 16/02/2023 से 22/02/2024 तक लगभग 13 ऑनलाइन चालान किए गए हैं, जिसकी कुल राशि ₹6,38,600/- है। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि ये सभी चालान लगभग एक ही स्थान डफी टोल प्लाजा से वाराणासी परिवहन अधिकारी द्वारा किए गए हैं, जबकि ट्रक कभी उत्तर प्रदेश गया ही नहीं। ट्रक उस समय कभी महाराष्ट्र, तो कभी मध्य प्रदेश में था – इसका स्पष्ट प्रमाण FASTag से टोल टैक्स की एंट्री से उपलब्ध है इतना ही नहीं, चालान की प्रक्रिया में न तो किसी भी चालान में वाहन का फोटो संलग्न है, न कोई प्रत्यक्ष प्रमाण। ऐसे में यह गंभीर सवाल खड़ा करता है कि ऑनलाइन चालान प्रणाली का दुरुपयोग परिवहन विभाग एवं ट्राफिक पुलिस द्वारा किया जा रहा है ।इस घटना से ट्रक मालिक और पूरे ट्रांसपोर्टर वर्ग में भारी आक्रोश है। यह मामला न केवल एक वाहन मालिक की परेशानी है, बल्कि देशभर के ईमानदार परिवहन व्यवसायियों के लिए चिंता का विषय है।
हम उत्तर प्रदेश शासन, परिवहन मंत्री एवं उच्च प्रशासनिक अधिकारियों से मांग करते हैं कि:
1. इस प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर दोषियों पर कार्यवाही की जाए।
2. गलत चालान को तत्काल निरस्त किया जाए।
3. ऑनलाइन चालान प्रणाली में पारदर्शिता व टेक्नोलॉजी प्रमाण आधारित प्रक्रिया होना चाहिए । 4. मोबाइल फोन से फोटो खीचकर वाहन चालकों को अवैध वसुली के लिए ब्लेकमेल करने का कार्य बंद किया जाना चाहिए ।

