भोपाल। वित्तीय सेवाएं विभाग (डीएफएस), वित्त मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देशानुसार 1 जुलाई 2025 से 30 सितंबर 2025 तक देश के हर ग्राम पंचायत में 3 माह का वित्तीय समावेशन संतृप्ति अभियान चलाया जा रहा है। इस संबंध में सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के जोनल ऑफिस में राज्य स्तरीय बैंकर्स समिति (एसएलबीसी) एवं पत्र सूचना कार्यालय (पीआईबी) संयुक्त जानकारी दी। इस मौके पर एसएलबीसी के संयोजक धीरज गोयल, एसबीआई भोपाल मंडल के मुख्य महाप्रबंधक चंद्रशेखर शर्मा, उप महाप्रबंधक (एसएलबीसी)  प्रमोद मिश्रा, पीआईबी भोपाल के  निदेशक मनीष गौतम, सहायक निदेशक अजय प्रकाश उपाध्याय, सहायक निदेशक समीर वर्मा तथा अन्य अधिकारीगण शामिल हुए।  

 23,043 ग्राम पंचायतों में  अभियान के अंतर्गत शिविर आयोजित 
 इस दौरान वित्तीय समावेशन संतृप्ति अभियान के मुख्य उद्देश्य के बारे में बताया।  साथ ही अभियान के अंतर्गत बैंकों द्वारा कैंप आयोजन के दौरान किए जा रहे विभिन्न कार्यों के बारे में भी जानकारी दी गई। मध्य प्रदेश में बैंकों द्वारा एवं बैंकों के बिजनेस कॉरेस्पॉन्डेंट द्वारा राज्य के सभी 23,043 ग्राम पंचायतों में इस अभियान के अंतर्गत शिविर आयोजित किए जा रहे है। अभी तक राज्य के लगभग 12,000 पंचायतों में शिविर आयोजित किए जा चुके हैं, जिसमें पीएमजेडीवाई, पीएमएसबीवाई, पीएमजेजेबीवाई, एपीवाई एवं री-केवाईसी में प्रगति दर्ज की गई है।  


सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने में सहयोग करें
धीरज गोयल ने अपील की, कि लोग इन सभी योजनाओं का लाभ उठाएं और अपने आस-पास के पात्र व्यक्तियों को भी इन सामाजिक सुरक्षा योजनाओं से जोड़ने में सहयोग करें, जिससे आगामी दिनों में राज्य के शेष क्षेत्रों तक भी योजनाओं का लाभ पहुंच सके। एसबीआई भोपाल मंडल के मुख्य महाप्रबंधक चंद्रशेखर शर्मा ने कहा कि डीएफएस, भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) एवं बैंकों के वरिष्ठ अधिकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार के लिए देश के विभिन्न कोनों में जा-जाकर कैंप में भाग ले रहे हैं तथा भारत सरकार द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न वित्तीय समावेशन से जुड़ी योजनाओं के बारे में जानकारी प्रदान कर रहे हैं।