एक साल में भेल ने 1426 जर्जर क्वार्टर किए ध्वस्त, जबकि हजारों अभी भी खड़े
खाली क्वार्टरों की सुरक्षा के लिए बाउंड्रीबॉल और तार फेंसिंग का किया जा रहा कार्य
टाउनशिप में सुरक्षा के लिए हर दो घंटे में करते हैं पेट्रोलिंग
शिवनारायण सोनी
भोपाल। भेल प्रशासन ने पिछले एक साल में टाउनशिप के विभिन्न क्षेत्रों में खाली और जर्जर हुए कुल 1426 क्वार्टरों को जमींदोज किया है, जिससे कोई हादसा न होे। इसके साथ ही खाली क्वार्टरों की सुरक्षा के लिए बाउंड्रीबॉल और तार फेंसिंग का कार्य भी किया जा रहा है। कुछ इलाकों में खाली क्वार्टरों में आपरािधक घटनाएं भी सामने आईं हैं, इसकी पुनरावृत्ति रोकने भेल प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता कर जगह-जगह अपने सुरक्षा गार्ड तैनात किए हैं। भेल के जिम्मेदार अिधकारी का कहना है कि हम भेल की संपत्ति की सुरक्षा करते हैं, लेकिन अपराध रोकना और अपराधियों को पकड़ने का काम तो स्थानीय पुलिस का है। पिछले सप्ताह गोविंदपुरा क्षेत्र के खंडहर हुए क्वार्टर में आपरािधक घटनाएं हुईं हैं। ऐसी ही घटनाओं को रोकने हम खाली क्वार्टरों को लगातार तोड़कर समतल कर रहे हैं।

हमारी टीम लगातार सर्चिंग करती है
भेल टाउनशिप में आज भी बड़ी संख्या में खाली और खंडहर क्वार्टर हैं, जिनमें आपरािधक घटनाएं हो हीं है। जब भेल के जिम्मेदार अिधकारी से इस संबंध में पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि हमारी सुरक्षा टीमें दिन और रात में हर दो-दो घंटों के अंतराल में पेट्रोलिंग करती हैं। जिन खाली क्वार्टरों में अनाधिकृत रूप से लोग रह रहे हैं, उन्हें वहां से हटा देते हैं। इसके साथ ही पुराने खाली पड़े क्वार्टरों को ध्वस्त करने की भी कार्रवाई करते हैं, जिससे कोई बड़ा हादसा न हो सके। हमने गोविंदपुरा, बरखेड़ा और पिपलानी के क्वार्टर जो पुराने और जर्जर हो गए थे, उन्हें जमींदोज किया गया है। पिछले एक साल में भेल प्रशासन ने टाउनशिप के विभिन्न क्षेत्र में खाली पड़े जर्जर 1426 क्वार्टरों को गिराने की कार्रवाई की है, जिससे कोई हादसा न हो और न ही कोई गलत गतिधिवियां संचालित न हो सके।

हमारे पास सुरक्षा कर्मचािरयों की कमी है
भेल टाउनशिप का एरिया काफी बड़ा है, उसके हिसाब से सुरक्षा कर्मचारी कम हंै, फिर भी हमारी कोशिश यह रहती है कि पूरे क्षेत्र को सुरक्षित रखें। जिन क्वार्टरों में हमारे कर्मचारी नहीं रहते हैं, उनकी देख-रेख बराबर करते हैं। साथ ही हमने उन क्वार्टरों में बाउंड्रीबॉल बनाई और तार फेंसिंग करवाई है, जिससे कोई भी अनाधिकृत व्यक्ति उस पर कब्जा न कर सके। इसके साथ ही वहां पर कोई आपरािधक घटना न घटित हो सके, इसका भी पूरा ध्यान रखा जाता है। वैसे भी अपराधों को रोकने का काम तो पुलिस का ही है। हम अपने भेल की संपत्ति की सुरक्षा खुद ही करते हैं।
क्वार्टर में भेल के 50 प्रतिशत कर्मचारी निवासरत
भेल टाउनशिप में करीब 4500 रेगुलर कर्मचारी हैं। इनमें से करीब 50 प्रतिशत भेल कर्मचारी ही निवास करते हैं। उसके अलावा कांट्रेक्ट वर्कर और सोसाइटी के कर्मचारी भी यहां निवास करते हैं। कई कर्मचारी अपने स्वयं के मकान में चले गए हैं, जिससे वे क्वार्टर अब खाली हो गए हैं।
प्राइवेट व्यक्ति को किराये पर दें तो हो सुरक्षा, लेकिन ऐसी कोई योजना नहीं
खंडहर होते इन भेल क्वार्टरों को यदि प्राइवेट लोगों को किराये पर दिया जाए तो वे खुद अपने क्षेत्र की सुरक्षा करने के साथ ही क्षेत्र को सुनसान होने से बचा सकते हैं, लेकिन भेल के पास ऐसी कोई योजना नहीं है। इस बारे में जिम्मेदार अधिकारी का कहना है कि अभी हम सिर्फ अपने कर्मचारी, काॅट्रेक्टर और उसके कर्मचारी, साेसाइटी वर्कर को भी रहने के लिए क्वार्टर उपलब्ध कराते हैं। बाहरी व्यक्ति को किराए पर देने से कई समस्याएं खड़ी हो जाती हैं, जिसे हम सुलझा नहीं सकते, क्योंकि उन बाहरी व्यक्ति पर हमारा पूर्ण कंट्रोल नहीं रहता। जबकि भेल के कर्मचारी के साथ ऐसा कुछ नहीं हैै। उनसे किसी प्रकार की गड़बड़ी पर हम एक्शन भी ले सकते हैं। इसके साथ ही बाहरी व्यक्तियों को क्वार्टर देने से बहुत सारी जिम्मेदारी भी बढ़ जाती है।
खाली जगहों पर लगा रहे पौधे
भेल के खाली पड़े और जर्जर क्वार्टरों को गिराया जा रहा है। इसके साथ ही उन खाली जगहों पर पौधरोपण किया जाता है, जिससे कोई बाहरी व्यक्ति उस जगह पर कब्जा न कर सके। इसके साथ जिस क्षेत्र में कम लोग हैं उन्हें वहां से दूसरी जगह शिफ्ट किया जा रहा है। इसके साथ ही अपराध को रोकने के लिए जितने भी जर्जर क्वार्टर हैं उन्हें आगे भी योजना बनाकर ध्वस्त किया जाएगा।

