एक गुमशुदा महिला और झूठ का जाल। खोजबीन शुरू! देखिए विनय पाठक, रायमा सेन और सलीम दीवान की आलिया बसु गायब है, 19 जून को केवल लॉयन्सगेट प्ले पर
एवीएस न्यूज. मुंबई
एक महिला अचानक गायब हो जाती है। तीन लोगों की अलग-अलग कहानियाँ हैं। लेकिन हर कहानी में एक झूठ छिपा है। देखिए 19 जून को केवल लॉयन्सगेट प्ले पर सनसनीखेज थ्रिलर, आलिया बसु गायब है।
इसकी निर्देशक प्रीति सिंह हैं। यह जबरदस्त क्राईम थ्रिलर गायब होने की एक पेचीदा कहानी पर आधारित है। इसमें धोखा है, छिपी हुई सच्चाईयाँ हैं। आलिया बसु के अचानक गायब हो जाने से रहस्यों, लालच और धोखाधड़ी का एक ऐसा खतरनाक खेल शुरू हो जाता है, जिसने तीन अलग-अलग लोगों की जिंदगियों को उलझा दिया है।
यह रहस्य खुद आलिया बसु के इर्द-गिर्द घूमता है, जिसका किरदार रायमा सेन ने निभाया है। उनके गायब हो जाने के साथ यह रहस्यमयी कहानी शुरू होती है। सलीम दीवान दीपक कुमार की भूमिका में हैं, जो एक ऐसे शानदार अवसर का पीछा कर रहे हैं, जिससे उनकी जिंदगी बदल जाएगी। लेकिन जल्द ही हालात उनके नियंत्रण से बाहर चले जाते हैं।
विनय पाठक विक्रम सिंह का किरदार निभा रहे हैं, जो तब तक यही मानता रहता है कि वह हर जवाब जानता है, जब तक छिपा हुआ सच बाहर आना शुरू नहीं होता है। जैसे ही उनके रास्ते टकराते हैं, वफादारियाँ टूट जाती हैं, मकसद धुंधले हो जाते हैं और चौंकानेवाली सच्चाईयाँ सामने आती हैं, जो कहानी की दिशा बदल देती हैं।
रायमा सेन ने इस फिल्म के बारे में बताया, ‘‘आलिया बसु गायब है केवल एक थ्रिलर नहीं है। यह एक ऐसी कहानी है, जो लगातार सच्चाई की आपकी धारणा को चुनौती देती है। आलिया का किरदार मुझे बहुत अच्छा लगा क्योंकि वह बहुत अप्रत्याशित है। उसकी कई परतें हैं और वह बहुत रहस्यमयी है। जब भी आपको लगता है कि आपने उसे समझ लिया, तभी उसका एक बिल्कुल दूसरा रूप सामने आ जाता है।
वह बहुत तेज बुद्धि की है, हाथ नहीं आती है। वह हमेशा लोगों को अनुमान लगाने में व्यस्त रखती है। इसीलिए उसका किरदार बहुत आकर्षक है। मुझे इस फिल्म में यह बहुत अच्छा लगा कि इसमें आपको कभी आसान जवाब नहीं मिलते हैं। हर खुलासे के साथ इस कहानी और इससे जुड़े लोगों के बारे में आपकी सोच बदल जाएगी। विनय और सलीम ने स्क्रीन में जान डाल दी है। मैं दर्शकों द्वारा यह फिल्म देखने का उत्सुकता से इंतजार कर रही हूँ, जिसमें हर ट्विस्ट पूरी कहानी को बदल देता है।’’
विनय पाठक ने कहा, ‘‘इस फिल्म में हर किरदार कुछ न कुछ छिपा रहा है। इसकी कहानी लगातार आपको यह सोचने में व्यस्त रखती है कि कंट्रोल किसके हाथ में है। विक्रम को लगता है कि हर चीज पर उसका नियंत्रण है। लेकिन एक अप्रत्याशित घटना पूरा का पूरा माजरा बदल देती है। मैं इस फिल्म की ओर यह देखने के लिए आकर्षित हुआ कि जब निश्चितता खत्म होने लगती है और संशय हावी होने लगता है, तो व्यक्ति कैसे रिएक्ट करता है।
इस फिल्म में कई ट्विस्ट होने के बाद भी इसकी कहानी इतनी सशक्त है कि इसका हर एक तनाव बिल्कुल वास्तविक महसूस होता है। फिल्म की पूरी कहानी में आपका ध्यान एक पल के लिए भी नहीं भटकता है क्योंकि इसका हर किरदार जैसा दिखता है, वैसा है नहीं।’’
अपने अनुभव के बारे में सलीम दीवान ने कहा, ‘‘सबसे दिलचस्प किरदार वो होते हैं, जो अपने बारे में सबसे कम खुलासा करते हैं। दीपक में मुझे यही सबसे अधिक पसंद आया। उसके अंदर बहुत कुछ चल रहा है। फिर भी वह ऊपर से बिल्कुल शांत है, जो अपने आप में एक तनाव है। उसके बारे में हमेशा एक तनाव होता है और आपको कभी भी यह नहीं पता होता है कि वो क्या सोच रहा है या क्या योजना बना रहा है। उसके इसी अप्रत्याशित स्वभाव के कारण उसका किरदार बहुत रोमांचक है।
इस फिल्म के हर किरदार के बारे में आपका नजरिया लगातार बदलता रहता है। इसी कारण यह एक मिस्ट्री से काफी ज्यादा दिलचस्प फिल्म है। इस तनावपूर्ण और किरदारों पर केंद्रित फिल्म में प्रीति के साथ काम करके बहुत अच्छा लगा।’’
आलिया बसु गायब है एक दिलचस्प, तनावपूर्ण और अप्रत्याशित फिल्म है, जिसका निर्माण रिहैब पिक्चर्स ने किया है। इस सनसनीखेज फिल्म में हर बातचीत का एक छिपा हुआ अर्थ है, हर सुराग कहानी को बदल देता है और कोई भी चीज वैसी नहीं है, जैसी वह दिखाई देती है।






