एवीएस न्यूज.बेंगलुरु


अमेजन बिजनेस ने बताया कि 2025 में उसने पूरे भारत के व्यवसायों को ₹2,000 करोड़ से अधिक का वित्तीय मूल्य हासिल करने में मदद की। माइक्रो-एंटरप्राइज और एसएमबी से लेकर बड़े कॉरपोरेशन्स तक, सभी प्रकार की संस्थाओं को अमेजन बिजनेस पर कैशबैक रिवॉर्ड्स, बल्क डिस्काउंट्स और एक्सक्लूसिव डील्स के जरिए फायदा मिला। इस मूल्य का एक बड़ा हिस्सा अमेजन बिजनेस पर मिलने वाली सीमलेस जीएसटी-कम्प्लायंट इनवॉइसिंग से भी आया है, जिसने बिजनेस प्रोक्योरमेंट में लंबे समय से जरूरी पारदर्शिता लाई है।

हालांकि पहले ऑफलाइन चैनलों में जीएसटी इनवॉइस हासिल करना अक्सर मुश्किल और असंगत होता था। अमेजन बिजनेस के डायरेक्टर मित्रंजन भदुरी ने कहा, "हर संगठन, चाहे वह किसी दूरस्थ पहाड़ी क्षेत्र का एक स्पेशलिटी रेस्टोरेंट हो या एक फॉर्च्यून 500 एंटरप्राइज जो हर दिन हजारों परचेज ऑर्डर्स मैनेज करता है, सभी के सामने एक ही जरूरत होती है: कम संसाधनों में अधिक काम करना। अमेजन बिजनेस इस अंतर को कम करता है, जिससे एमएसएमई और बड़े कॉरपोरेशन्स को समान रूप से सेलेक्शन, कॉम्पिटिटिव प्राइसिंग और डिजिटल प्रोक्योरमेंट की सुविधा मिलती है।

2025 में हमारे ग्राहकों द्वारा हासिल किए गए ₹2,000 करोड़ से अधिक के मूल्य से यह स्पष्ट होता है कि जब संगठन बिखरी हुई ऑफलाइन खरीद से हटकर एक स्ट्रक्चर्ड, ट्रांसपेरेंट और डेटा-ड्रिवन अप्रोच अपनाते हैं तो वास्तविक लाभ सामने आता है। इस प्रक्रिया से जो पूंजी इनएफिशिएंसी से बचती है, उसे विकास में दोबारा निवेश किया जा सकता है, और यही परिवर्तन अमेजन बिजनेस लाना चाहता है।" पिछले पांच वर्षों में कुल सेल्स में 40% से अधिक सीएजीआर की वृद्धि हुई है, बल्क सेल्स में लगभग 35% और रजिस्टर्ड कस्टमर बेस में 30% की वृद्धि दर्ज की गई है।

यह केवल प्रयोग नहीं बल्कि प्रोक्योरमेंट को अमेजन बिजनेस पर कंसोलिडेट करने की एक स्पष्ट और योजनाबद्ध दिशा को दर्शाता है। सबसे मजबूत अपनाने का रुझान टियर-2 और टियर-3 शहरों में देखा गया है, जैसे उत्तर और पश्चिम में सूरत और लुधियाना, तथा दक्षिण में कोयंबटूर और कोच्चि जैसे शहर। अब ये शहर कस्टमर बेस का 70% से अधिक हिस्सा बनाते हैं, जो यह दिखाता है कि डिजिटल प्रोक्योरमेंट की ओर बदलाव अब केवल मेट्रो शहरों तक सीमित नहीं है। यह वृद्धि उन निरंतर निवेशों से संभव हुई है जिनका उद्देश्य एंटरप्राइज-ग्रेड बाइंग को भारत भर के व्यवसायों के लिए अधिक सुलभ और अधिक लाभदायक बनाना है।

2025 में अमेजन बिजनेस ने अपनी सेवाओं का विस्तार उद्यम और एफएसएसएआई लाइसेंस होल्डर्स तक किया, जिससे भारत के एमएसएमई इकोसिस्टम के 80% से अधिक हिस्से तक पहुंच संभव हुई — जिसमें पड़ोस के किराना स्टोर से लेकर टियर-2 और टियर-3 शहरों के फूड प्रोड्यूसर्स तक शामिल हैं। इनमें से कई व्यवसाय पहली बार ऑनलाइन खरीदारी कर रहे थे। सिर्फ पहुंच बढ़ाने के अलावा अमेजन बिजनेस ने रजिस्टर्ड बायर्स के लिए वैल्यू प्रपोजिशन को भी और मजबूत किया है। इंक्रीमेंटल बल्क डिस्काउंट्स अब आईटी और इलेक्ट्रॉनिक्स पर 5% तक और ऑफिस सप्लाइज पर 30% तक मिलते हैं। इसके साथ ही बिजनेस-एक्सक्लूसिव सेल इवेंट्स और कैशबैक ऑफर्स पूरे साल अतिरिक्त बचत के अवसर प्रदान करते हैं। इन निवेशों के कारण अब भारत के 100% सर्विसेबल पिन कोड्स में व्यवसाय कॉम्पिटिटिव प्राइसिंग, व्यापक प्रोडक्ट रेंज और रिलाइबल डिलिवरी का लाभ उठा सकते हैं।