एवीएस न्यूज..भोपाल


मध्य प्रदेश के परिवहन समुदाय के लिए बड़ी राहत मिली है मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने राज्य की सीमाओं पर बॉर्डर चेकपोस्ट को पुनः शुरू करने के आदेश पर अंतरिम स्थगन दे दिया है।

अदालत के इस फैसले को ट्रक ऑपरेटर्स, ट्रांसपोर्टर्स और पूरे लॉजिस्टिक्स उद्योग के लिए बड़ी जीत माना जा रहा है। परिवहन कारोबार से जुड़े संगठनों का कहना है कि चेकपोस्ट दोबारा शुरू होने से माल परिवहन की लागत बढ़ने के साथ-साथ समय की भी बर्बादी होती, जिससे पूरे लॉजिस्टिक्स सेक्टर पर नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता था। ऐसे में हाईकोर्ट का यह निर्णय उद्योग जगत के लिए राहत लेकर आया है।


इस कानूनी लड़ाई में एटीएमटीसी मध्य प्रदेश की टीम ने अहम भूमिका निभाई।  संगठन के सीएल मुकाती ने बतायाकि अमृतलाल मदान के कुशल मार्गदर्शन एवं नेतृत्व में एटीएमटीसी  मध्य प्रदेश के सभी एमसी मेंबर्स और इंदौर के तीनों प्रमुख ट्रांसपोर्ट संगठनों ने सामूहिक रूप से प्रयास किए।

इन्हीं प्रयासों के तहत माननीय मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में रिव्यू पिटीशन दायर की गई, जिसके बाद अदालत ने चेकपोस्ट पुनः शुरू करने के आदेश पर रोक लगा दी।


इस अभियान में एटीएमटीसी  के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. हरीश सभरवाल, पूर्व अध्यक्ष बल मलकीत सिंह तथा सुरेश खोसला का विशेष सहयोग भी उल्लेखनीय रहा। परिवहन समुदाय ने इसे एकजुटता और सामूहिक संघर्ष की जीत बताया है।

संगठनों ने कहा कि यह केवल कानूनी जीत नहीं, बल्कि पूरे परिवहन उद्योग की एकता की ताकत का परिणाम है। बल मलकीत सिंह,विजय कालरा, राकेश तिवारी , अमरजीत सिंह बग्गा , चतर सिंह भाटी , राजेंद्र त्रेहान, चंपालाल मुकाती, हरीश डाबर, गोविंद रुपानी, परमवीर सिंह , संजय गुप्ता , सूबेदार सिंह , वंदना लड्ढा , सुरेश खोसला , कपिल शर्मा  एवं समस्त टीम एआईएमटीसी टीम और ट्रांसपोर्टर्स ने सभी सहयोगियों और सदस्यों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भविष्य में भी उद्योग हितों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रहेगा।