भोपाल में 20 करोड़ से अधिक और देशभर में 38 हजार करोड़ रु. व्यापार की उम्मीद
एवीएस. भोपाल/ नई दिल्ली
राजधानी भोपाल, मध्यप्रदेश सहित देशभर सूर्य देव को समर्पित चार दिनों का छठ पूजा का भव्य त्योहार धूमधाम से मनाया जा रहा है। 25 अक्टूबर से शुरू इस त्योहार से जुड़े पारंपरिक रीति-रिवाजों में भोपाल के करीब ढाई लाख और मध्यप्रदेश के लगभग 15 करोड़ भक्त शामिल हो रहे हैं। कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के अनुसार चार दिवसीय इस वर्ष छठ पूजा से मध्यप्रदेश सहित देश में लगभग 38,000 करोड़ रुपए का व्यापार होने की उम्मीद की जा रही है। बीते वर्ष छठ पूजा को लेकर यह आंकड़ा 31,000 करोड़ था, जो कि 7000 करोड़ रुपए की वृद्धि को दिखाता है। जबकि इससे पहले 2023 में यही आंकड़ा 27,000 करोड़ रुपए था, जो कि छठ से जुड़े व्यापार में समय के साथ हो रही बढ़ोतरी को दर्शाता है। संगठन के पदाधिकारियों के अनुसार राजधानी भोपाल में इस पर्व पर कारोबार का आंकड़ा 20 करोड़ रुपए के पार जाने की उम्मीद है।
गौरतलब है कि छठ पूजा का यह त्योहार मुख्य रूप से मध्यप्रदेश, बिहार, झारखंड, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल, छत्तीसगढ़, दिल्ली, उत्तराखंड, हरियाणा, महाराष्ट्र और विदर्भ में रह रहे लोगों द्वारा मनाया जाता है। इसके अलावा देश के अलग-अलग राज्यों में रह रहे लाखों पूर्वांचली लोग भी इस पर्व को मनाते हैं।
कैट के सेक्रेटरी जनरल प्रवीण खंडेलवाल और मध्यप्रदेश इकाई के प्रदेश अध्यक्ष सुनील अग्रवाल ने कहा कि छठ पूजा के त्योहार से जुड़े मुख्य सामान में सूप, दौरा, बांस की टोकरियां, मिट्टी के दीए, गन्ना, केला, नारियल, सेब, नींबू जैसे फल, गेहूं और चावल का आटा, पारंपरिक ठेकुआ जैसी मिठाइयां, खजूर, पूजा का सामान, साड़ियां, पारंपरिक कपड़े, सजावट का सामान, दूध, घी, बर्तन, टेंट और मेहमाननवाजी की सेवाएं शामिल हैं। उन्होंने आगे बताया कि साड़ियां, लहंगा-चुनरी, महिलाओं के लिए सलवार-कुर्ता और कुर्ता-पायजामा, पुरुषों के लिए धोती जैसे पारंपरिक कपड़े अधिक से अधिक मात्रा में खरीदे जा रहे हैं, जिससे स्थानीय व्यापारियों और छोटे उद्योगों को फायदा हो रहा है। इसके अलावा, हाथ से बनी स्वदेशी वस्तुओं की बिक्री में भी उछाल देखा जा रहा है।

