एवीएस न्यूज.भोपाल 


फेडरेशन ऑफ मध्यप्रदेश चेंबर ऑफ कॉमर्स  एंड इंडस्ट्री (एफएमपीसीसीआई) का स्वर्ण जयंती वर्ष, वार्षिक साधारण सभा एवं नवनिर्वाचित अध्यक्ष तथा कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह भोपाल में सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रह्लाद पटेल ने की। जबकि मुख्य अतिथि के रूप में चैतन्य कश्यप उपस्थित रहे। कार्यक्रम में उद्योग जगत, व्यापारिक संगठनों और विभिन्न औद्योगिक प्रतिनिधियों की व्यापक भागीदारी रही।

सभा की शुरुआत में दीपक शर्मा ने आगंतुकों का स्वागत किया और वार्षिक साधारण सभा के कोरम की जानकारी दी। इसके बाद एपिक प्रोजेक्ट पर संजीव दुबे द्वारा प्रस्तुति दी गई, जिसमें संगठन की भविष्य की योजनाओं और डिजिटल पहलों पर प्रकाश डाला गया।
 कार्यक्रम में उद्योग, उद्यमिता, डिजिटल प्लेटफॉर्म और आर्थिक विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर चर्चा की गई।

इसका मुख्य उद्देश्य उद्योगों को सशक्त बनाना, नीतिगत सुधारों को बढ़ावा देना तथा श्रमिकों और व्यापारियों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना रहा।

इस अवसर पर नवनिर्वाचित अध्यक्ष हिमांशु खरे को मंत्रियों द्वारा प्रमाण पत्र प्रदान कर पदभार ग्रहण कराया गया। पूर्व अध्यक्ष डॉ. आर.एस. गोस्वामी ने अपने संबोधन में कहा कि भारतीय उद्यमियों को वैश्विक स्तर पर सम्मान मिल रहा है और अब उन्हें निर्यात संभावनाओं को और मजबूत करने की आवश्यकता है।


 मार्केटिंग प्रणाली में सुधार की आवश्यकता है:  हिमांशु खरे 
नवनिर्वाचित अध्यक्ष हिमांशु खरे ने अपने संबोधन में कहा कि मार्केटिंग प्रणाली में सुधार की आवश्यकता है।  प्राथमिक क्षेत्र को उद्योग और व्यापार के विकास में सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। अनुभवी एवं सेवानिवृत्त व्यक्तियों की भागीदारी से संगठन को लाभ मिलेगा।  
 

 उद्योगों में बाधा उत्पन्न करने वाले कई प्रावधानों को समाप्त किया गया: कश्यप  
इस मौके पर मंत्री चैतन्य कश्यप ने उद्योगपतियों से उत्पाद गुणवत्ता सुधारने और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में विस्तार करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ईज ऑफ ड्यूईंग बिजनेस  को मजबूत करने के लिए लगातार सुधार कर रही है और उद्योगों में बाधा उत्पन्न करने वाले कई प्रावधानों को समाप्त किया गया है। उन्होंने फेडरेशन से सुझाव आमंत्रित करते हुए कहा कि उनके इनपुट नीति निर्माण में सहायक होंगे।

 

 श्रमिक और व्यापारी व्यवस्था के बीच अंतर को कम करने की आवश्यकता दिया बल 
वहीं मंत्री प्रह्लाद पटेल ने श्रम, व्यापार और आर्थिक सुधारों पर विचार रखते हुए कहा कि श्रमिक और व्यापारी व्यवस्था के बीच अंतर को कम करने की आवश्यकता है। कानूनों को सरल और समान बनाया जा रहा है। दुकानों के पंजीकरण को सरल और कम लागत वाला बनाने पर विचार चल रहा है। औद्योगिक क्लस्टरों को अपनी आवश्यकताओं की सूची प्रस्तुत करनी चाहिए।  

फेडरेशन को श्रम विभाग की परामर्श समितियों में शामिल किया जाएगा। सौर ऊर्जा और विकास से जुड़े लक्ष्यों को गति दी जा रही है। कार्यक्रम का समापन प्रवीण आचार्य द्वारा आभार प्रदर्शन के साथ किया गया। उन्होंने सभी अतिथियों और प्रतिभागियों के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया।